4.4.17

6 अप्रैल-2017 को सुबह 7.30 से होगा मुख्यमंत्री जी के आवास पर प्रदर्शन



सभी साथियों को नमस्कार......
【 6 अप्रैल-2017 को सुबह 7.30 से होगा मुख्यमंत्री जी के आवास पर प्रदर्शन】
मित्रों जैसाकि आप सबको पता है कि अनुदेशकों के मानदेय के लिए रू17000/-मासिक (रू०187000/-वार्षिक) का प्रस्ताव राज्य के द्वारा PAB की बैठक में ले जाया गया था। प्रमुख सचिव,बेसिक शिक्षा की गलती के कारण प्रस्ताव को पास न करके मात्र 10% बढ़ोत्तरी या सम्भवतः रू०10000/- करने की सहमति बनी है।सचिवों की गलती का खामियाजा हम क्यों उठाएं। संगठन ने अपनी तरफ से एड़ी चोटी का जोर लगाकर पैरवी किया था लेकिन इन अधिकारियों ने हमारे मन्सूबों पर पानी फेरने की भरपूर कोशिश किया है।
चूंकि हमारे पास इतना समय शेष नहीं बचा है कि हम कही एक स्थान पर धरने पर बैठकर सरकार का ध्यान अपनी ओर आकर्षित होनें का इंतजार करें क्योंकि तब तक PAB की कार्यवृत्ति के जारी होने का खतरा मंडरा रहा है।और एक बार कार्यवृत्ति जारी होनें के बाद हमारे हाथों में करने को कुछ भी शेष नहीं रह जाएगा। ऐसी स्थिति में हमलोगों को सीधे मुख्यमंत्री जी तक अपनी बात जल्द से जल्द पंहुचानी पड़ेगी।
चूंकि इस समय जो भी संगठन या सामान्य लोग मुख्यमंत्री आवास पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर ले रहे हैं,माननीय मुख्यमंत्री जी उनको दर्द को सीधे स्वयं सुन रहे हैं इसीलिए संगठन ने यह निर्णय लिया है कि दिनांक-06/04/17 को सुबह 7.30 बजे से ही मुख्यमंत्री आवास-5 कालीदास मार्ग पर शांतिपूर्वक प्रदर्शन किया जाएगा गंगा मैया का आशीर्वाद रहा तो हमारी विजय तत्काल हो जाएगी लेकिन यदि ऐसा नहीं होता है तो सरकार का ध्यान सीधा अपनी ओर आकर्षित कराकर इस प्रदर्शन को किसी भी उचित स्थान पर धरने में भी परिवर्तित किया जा सकता है।लेकिन हमें आशा ही नहीं वरन पूर्ण विश्वास है कि प्रदर्शन के माध्यम से हम माननीय मुख्यमंत्री जी तक अपनी बात सीधे पंहुचाने में सफल हो जाएंगे।
सोशल मीडिया पर उटपटांग कमेंट करने वाले लोगों से भी विशेष अनुरोध है कि केवल उंगली करना छोड़कर धरातल पर आकर संघर्ष में संगठन का साथ दें और अपने नीरस जीवन को कुछ हद तक सम्मानित जीवन में बदलें।
समय का विशेष ध्यान देना है।सुबह 7.30 पर सबको पंहुच जाना है और प्रयास करें कि अपने अपने कंधे पर एक भाजपा वाला गमछा भी डालकर आयें।जो जनपद दूर के हैं वहाँ के अनुदेशक साथी एकदिन पहले ही निकल लें लेकिन सही समय पर सभी लोग वहाँ पंहुच जाएं।
.....अब आपका संघर्ष ही आपकी किस्मत बनाएगी।........
.........जय गंगा मैया.........
आपके संघर्षों का साथी
तेजस्वी शुक्ला
प्रदेश अध्यक्ष
9670923000
उच्च प्राथमिक अनुदेशक शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन,उ०प्र०

राज्य परियोजना कार्यालय सर्व शिक्षा अभियान निशांतगंज लखनऊ में धरने ((मानदेय बढोत्तरी/पैब 2017-18 के सम्बन्ध में))

** प्रिय अनुदेशक साथियो **
नमस्कार
(मानदेय बढोत्तरी/पैब 2017-18 के सम्बन्ध में)
जैसा कि पूर्व में भी अवगत कराया गया था कि सोमवार से मंगलवार तक स्थितियां स्पष्ट हो जाएँगी जिसके सम्बन्ध में कल मानव संसाधन विकास मंत्रालय नई दिल्ली से दोपहर 12 बजे ये स्पष्ट हो गया कि
केंद्र सरकार pab की मीटिंग में 17000 के प्रस्ताव को विस्तारपूर्वक चर्चा परिचर्चा की और अपने हिस्से का 60% देने को भी तैयार रही परन्तु राज्य सरकार के द्वारा अपने 40% के हिस्से के बजट देने में बार बार अक्षमता जाहिर करती रही जिसमे केंद्रीय समिति ने समीक्षा करने के बाद राज्य सरकार से अनुदेशक मानदेय का स्पष्ट प्रस्ताव नोटिफिकेशन जारी करते हुये पुनः अविलम्ब भेजने को कहा है अभी लगभग 7 से 8 दिन का समय हम सबके पास है मिनट्स जारी होने से पहले अगर हम सब प्रस्ताव नोटिफिकेशन जारी करते हुये भिजवाने में कामयाब हो गए तो बिना कटौती जा रहे प्रस्ताव को मंजूरी मिल जायेगी।।
साथियो जो सरकार के लायक अधिकारी पैब मीटिंग में हमारा पक्ष नहीं रख रहे थे तो प्रस्ताव में कितना मजबूत तर्क रखेगी आप सब खुद सोच सकते है और ज्यादा संभावना है नए प्रस्ताव में द्वेषपूर्ण तरीके से 17000 ना भेजे प्रस्ताव अबकी बार पूर्णतया आदेश होकर mhrd में जाये और पूर्णतया बिना कटौती के पास हो इस हेतु प्रदेश के सभी संघ के प्रदेश अध्यक्ष सहित सम्पूर्ण कार्यरत 32000 अनुदेशको से अनुरोध है कि अपने अपने बैनर के साथ आये क्योकि वहाँ कोई मंच नही होगा अपने अधिकारो को पाने के लिए दिनाक 6 अप्रैल 2017 दिन बृहस्पतिवार को राज्य परियोजना कार्यालय सर्व शिक्षा अभियान निशांतगंज लखनऊ में धरने पर पहुचे जिससे अनुदेशको के मानदेय का प्रस्ताव अविलम्ब 17000 का नोटिफिकेशन जारी कराते हुये भिजवाया जा सके जिससे इस सत्र से अनुदेशक सम्मानजनक स्थिति पर आ सके।।
ये मानदेय प्रस्ताव सभी अनुदेशको से सम्बंधित मामला है आपसी भेदभाव छोड़कर एक जुट होकर धरने में पहुँचे...कल शाम 4 बजे ही धरने की जानकारी निदेशालय को दे दी गयी है।।
"अब अपने भाग्य का फैसला अनुदेशक साथियो के अपने हाथ में ही है या तो संख्या बल के साथ एक साथ आकर अपनी एकता का ताकत दिखाकर अपने अधिकारो को छीन सकते है या घर बैठे दुसरो को कोस सकते है.......
*परिंदे रुक मत, तुझमे जान बाकी है*
*मन्जिल दूर है बहुत, उड़ान बाकी है.*
*आज या कल, मुट्ठी में होगी दुनियाँ*
*लक्ष्य पर अगर, तेरा ध्यान बाकी है*..
*यूँ ही नहीं मिलती, रब की मेहरबानी*
*एक से बढ़कर एक, इम्तेहान बाकी है.*
*जिंदगी की जंग में, है हौसला जरुरी*
*जीतने के लिए, सारा जहान बाकी है..*
आपका साथी
राकेश पटेल"सिंटू"
प्रदेश अध्यक्ष
पू.मा.अनुदेशक कल्याण समित उ.प्र.
9455788206

बेसिक शिक्षा में 100 दिनों में करने होंगे यह अहम बदलाव: योगी आदित्यनाथ

शिक्षा सुधार के लिए उठाए जाएंगे ये कदम - ।

बेसिक शिक्षा में 100 दिनों के अंदर लाए जाएंगे सुधार, योगी ने दिए निर्देश।।

हर हाल में यह सुनिश्चित किया जाएगा कि विद्यालयों में अधिकतम 200 दिन के अन्दर कोर्स पूरा कराया जाए।।


बायोमेट्रिक से शिक्षकों और छात्रों की हाजिरी लगेगी, जिससे किसी तरह की गड़बड़ी की गुंजाइश को कम किया जा सकेगा।।

नकल करवाने वालों पर सख़्त कार्रवाई होगी। दाग़ी केंद्रों पर एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी।।

10 जुलाई तक नए सेशन की किताबें और यूनीफॉर्म बांटी जाएंगी।।

कोचिंग सेंटर चलाने वाले सरकारी शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज होगी।

निजी स्कूलों की फीस पर सख्ती बरती जाएगी। उनकी मनमानी नहीं चलेगी।।

उत्तर प्रदेश में शिक्षकों की कमी को दूर किया जाएगा।।

योगी ने परीक्षाओं को 15 दिन में पूरा करके अगले 15 दिन के अन्दर उनके परिणाम देने की सम्भावना तलाशने के भी निर्देश अधिकारियों को दिए।।

भाजपा के प्रदेश महामंत्री विजय बहादुर पाठक ने शिक्षा क्षेत्र में योगी की ओर से की गयी पहल का स्वागत करते हुए कहा कि बेसिक शिक्षा से लेकर उच्च एवं तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में तमाम फैसलों से प्रदेश में शिक्षा के स्तर को उन्नत बनाने में निश्चित तौर पर मदद मिलेगी।

(पीटीआई इनपुट्स)

शिक्षकों की बॉयोमेट्रिक से पहले स्थानान्तरण नीति को दुरुस्त करना होगा...

बॉयोमेट्रिक से पहले स्थानान्तरण नीति को दुरुस्त करना होगा...
यथासम्भव पोस्टिंग घर के नज़दीक होनी चाहिए।इस बात का कोई तुक नही कि अपने ब्लॉक में सीट्स होने के बावजूद 80 किलोमीटर दूर के स्कूल में नियुक्ति दी जाये।
अभी तक बेसिक शिक्षा विभाग में स्थानांतरण आपकी 'पहुँच' पर निर्भर है
जिसकी पहुँच है वह पूरा सेवाकाल घर के पास सुगम स्थान में निकाल लेते हैं।
और जिनकी पहुँच नही है वे दूर दुर्गम में पिसते रहते हैं किसी भी स्पष्ट नीति के अभाव में।
माननीय योगी जी को यह भी संज्ञान में लेना चाहिए।        🙏🏻🙏🏻